Monday, October 18, 2010

तू साहस कर ..--

तू साहस कर एक कदम का
आगे राहे मिल जाए गी
अपने हात बढ़ा तू आगे
आगे बाहे मिल जाए गी
एकाकी तू चल तो पथ पे
आगे साथी मिल जाए गे
जीवन गति है ,नहीं ठहरना
जीवन है कुछ करते रहना
पथ पे अपने बढ़ते रहना
जीवन में निराश मत होना
छा जाए यदि अंधकार तो
साहस से कदमो को रखना
साहस के एक -एक कदम पर
चंदा तारे बिछ जाए गे
मन में आशा दीप जले तो
नभ पे सूरज खिल जाए गे

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